डेराबस्सी / अखंड लोक संवाददाता
समगोली में प्रस्तावित सॉलिड वेस्ट इंटीग्रेटेड मैनेजमेंट प्लांट को लेकर राजनीतिक विरोध तेज हो गया है। भाजपा के वरिष्ठ नेता गुरदर्शन सिंह सैनी ने कहा कि डेराबस्सी हलके में बाहरी शहरों का कचरा किसी भी कीमत पर नहीं आने दिया जाएगा। उन्होंने प्लांट को लेकर पिछली और मौजूदा सरकारों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए इसे बड़ी नाकामी करार दिया।
गुरदर्शन सिंह सैनी ने कहा कि समगोली में करीब 50 एकड़ जमीन पर कूड़े की प्रोसेसिंग से लेकर पावर जनरेशन तक का प्रोजेक्ट प्रस्तावित है। उनका आरोप है कि यह परियोजना डेराबस्सी के बजाय बाहरी शहरों की जरूरतों को पूरा करने के उद्देश्य से आगे बढ़ाई जा रही है।
उन्होंने कहा कि पंजाब के अलग-अलग शहरों का कचरा डेराबस्सी में लाकर डंप करने की अनुमति भाजपा नहीं देगी।
भाजपा नेता ने दावा किया कि यह प्रोजेक्ट वर्ष 2012 में अकाली दल सरकार के दौरान पास हुआ था और बाद में कांग्रेस सरकार के समय करीब 50 एकड़ में से 39 एकड़ जमीन नगर निगम मोहाली को ट्रांसफर कर दी गई। इसके बाद मौजूदा सरकार में परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए प्रक्रिया शुरू की गई।
सैनी ने कहा कि पिछली सरकारों ने जिस परियोजना को आगे बढ़ाया, अब वही सरकार के प्रतिनिधि इसका विरोध कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पहले भी वर्ष 2016 में जालंधर कैंट से विधायक परगट सिंह ने अपने क्षेत्र में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट (कचरा प्रबंधन प्रोजेक्ट) के विरोध और असंतोष के चलते शिरोमणि अकाली दल की प्राथमिक सदस्यता और विधायक पद से इस्तीफा दिया था।, लेकिन बाद में विभिन्न हलकों में विरोध के बावजूद परियोजना डेराबस्सी क्षेत्र में आगे बढ़ती रही।
उन्होंने कहा कि डेराबस्सी आज आबादी और वोटरों के लिहाज से पंजाब के प्रमुख हलकों में शामिल है। ऐसे में यहां प्रदेश के सबसे बड़े कचरा डंप प्रोजेक्ट को स्वीकार नहीं किया जा सकता। सैनी ने कहा कि डेराबस्सी को पंजाब के कचरे का डंपिंग ग्राउंड नहीं बनने दिया जाएगा।
भाजपा नेता ने कहा कि पंजाब में चल रहे कई वेस्ट प्लांट डेराबस्सी हलके में हैं और सबसे ज्यादा पोल्ट्री फार्म भी इसी क्षेत्र में हैं। ऐसे में पहले से मौजूद प्रदूषण और कचरे की समस्या के बीच नया डंपिंग ग्राउंड स्थानीय लोगों के लिए परेशानी बढ़ा सकता है।
उन्होंने कहा कि पुरानी और मौजूदा दोनों सरकारों ने परियोजना को आगे बढ़ाने में भूमिका निभाई है, लेकिन अब भाजपा डेराबस्सी के लोगों और उनके हितों के साथ खड़ी है। स्थानीय लोगों और अन्य राजनीतिक दलों के बीच इस मुद्दे पर मतभेद हो सकते हैं, लेकिन क्षेत्र के पर्यावरण और लोगों के हितों से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।




