जीरकपुर / अखंड लोक संवाददाता
जीरकपुर में साइबर ठगी का एक और मामला सामने आया है। इस बार ठगों ने खुद को गूगल पे की सपोर्ट टीम का सदस्य बताकर एक बुजुर्ग के बैंक खाते से करीब 50 हजार रुपये उड़ा लिए। आरोपियों ने रकम को अलग-अलग आठ बैंक खातों में ट्रांसफर कर दिया। शिकायत मिलने के बाद पुलिस और साइबर क्राइम सेल ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
दशमेश कॉलोनी निवासी सुरेश चतुर्वेदी ने बताया कि वह पिछले कुछ समय से अस्वस्थ हैं। कुछ दिन पहले उनके मोबाइल पर एक कॉल आई। कॉल करने वाले ने दावा किया कि वह गूगल पे की तकनीकी सहायता टीम से बोल रहा है और उनके खाते से संदिग्ध लेन-देन होने की बात कही। बातचीत के कुछ समय बाद ही उनके मोबाइल पर बैंक खाते से लगातार पैसे निकलने के संदेश आने लगे।
पीड़ित के अनुसार, जब तक उन्होंने बैंक ऑफ बड़ौदा की हेल्पलाइन पर संपर्क कर अपना खाता ब्लॉक कराया, तब तक करीब 50 हजार रुपये आठ अलग-अलग खातों में भेजे जा चुके थे। इसके बाद उन्होंने पूरे मामले की शिकायत पुलिस और साइबर क्राइम सेल को दी।
शिकायत के आधार पर साइबर क्राइम सेल ने जिन खातों में राशि भेजी गई थी, उन्हें तत्काल फ्रीज कर दिया है। साथ ही लेन-देन से जुड़े सभी तकनीकी पहलुओं की जांच की जा रही है ताकि आरोपियों तक पहुंचा जा सके।
सुरेश चतुर्वेदी ने लोगों से अपील की कि बैंक, गूगल पे या किसी भी ऑनलाइन भुगतान सेवा के नाम पर आने वाली अनजान कॉल, लिंक या निर्देशों पर बिना पुष्टि किए भरोसा न करें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत बैंक और साइबर क्राइम हेल्पलाइन को दें।
साइबर विशेषज्ञों का कहना है कि ठग नए-नए तरीके अपनाकर लोगों को भ्रमित करते हैं। ऐसे में किसी भी अज्ञात व्यक्ति के साथ बैंकिंग संबंधी जानकारी साझा करने से बचें और सतर्क रहें।




